डिंडौरी। पंजीयन (फार्मर रजिस्ट्री) अभियान में सौंपे गए दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही बरतना डिंडौरी के 10 पटवारियों को भारी पड़ गया। फार्मर रजिस्ट्री की प्रगति की समीक्षा के दौरान संबंधित हल्कों में शून्य प्रगति पाए जाने पर एसडीएम डिंडौरी ने सख्त रुख अपनाते हुए सभी संबंधित पटवारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है।
दरअसल, जिले में 20 अगस्त से 15 सितंबर 2026 तक फार्मर रजिस्ट्री अभियान संचालित किया जा रहा है। अभियान के तहत पटवारियों को ग्राम पंचायत स्तर पर आयोजित शिविरों में उपस्थित होकर किसानों की फार्मर आईडी बनाने, परिमार्जन एवं त्रुटियों में सुधार करने तथा शेष छूटे हुए खातेदारों को एग्रीस्टेक से जोड़ने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
अभियान को मिशन मोड में संचालित करने के लिए संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए थे। इसके बावजूद अद्यतन दैनिक प्रगति रिपोर्ट एवं डैशबोर्ड की समीक्षा में संबंधित हल्कों में फार्मर रजिस्ट्री की बकेटिंग पूर्ण करने के कार्य में शून्य प्रगति सामने आई।
प्रशासन ने इसे शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता वाली योजना के प्रति गंभीर लापरवाही और शासकीय आदेशों की अवहेलना माना है। इसी आधार पर पटवारी पुष्पराज सिंह, विशाल, विशाल बिल्लौरे, रेशु जैन, मनमोहन सिंह मसराम, अनिल परस्ते, रविराज चौहान, जितेंद्र कुमार रजक, संजय सिंह परस्ते और कार्तिक परधान को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं।
दो दिन में देना होगा जवाब
जारी नोटिस में संबंधित पटवारियों को पत्र प्राप्ति के 2 दिवस के भीतर उपस्थित होकर लिखित स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। उनसे पूछा गया है कि पदीय दायित्वों में लापरवाही एवं कार्यालयीन आदेशों की अवहेलना के लिए उनके विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई क्यों न की जाए।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यदि संबंधित पटवारियों का जवाब संतोषजनक नहीं पाया गया अथवा वे निर्धारित समयावधि में उपस्थित होकर स्पष्टीकरण प्रस्तुत नहीं करते हैं, तो उनके विरुद्ध एकतरफा अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। इसकी जिम्मेदारी संबंधित पटवारियों की स्वयं होगी।



