डिंडौरी। मनरेगा योजना के तहत कार्यरत ग्राम रोजगार सहायकों और सहायक सचिवों ने अपनी लंबित समस्याओं के समाधान को लेकर मेहंदवानी जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) को 11 सूत्रीय मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा। संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि शासन ने जल्द निर्णय नहीं लिया, तो प्रदेशभर के ग्राम रोजगार सहायक अनिश्चितकालीन कलमबंद हड़ताल पर जाने को विवश होंगे।
ग्राम रोजगार सहायक / सहायक सचिव आजाद संगठन के नेतृत्व में यह ज्ञापन कलेक्टर, जिला पंचायत सीईओ एवं जनपद पंचायत मेहंदवानी के सीईओ को संबोधित किया गया। संगठन ने बताया कि वे पिछले 15 वर्षों से मनरेगा और पंचायत कार्यों में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं, फिर भी उन्हें अभी तक न तो स्थायी सेवा शर्तें मिली हैं, न ही समान वेतनमान।
संगठन के प्रतिनिधियों ने कहा कि ग्राम रोजगार सहायकों को मानदेय रोकने, पद से हटाने और मानसिक उत्पीड़न जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। पिछले तीन माह में 30 से अधिक साथियों की असमय मृत्यु हो चुकी है, लेकिन शासन द्वारा उनके परिजनों को कोई आर्थिक सहायता नहीं दी गई है।
ज्ञापन में कहा गया है कि ग्राम रोजगार सहायकों को पंचायत सहायक के पद पर संविलियन कर उन्हें सचिवों के समान ग्रेड पे, सेवा शर्तें और सुविधाएं प्रदान की जाएं। साथ ही 12 वर्ष से अधिक समय से एक ही स्थान पर पदस्थ सहायकों का स्वैच्छिक स्थानांतरण किया जाए।
संगठन ने यह भी मांग की है कि दिवंगत ग्राम रोजगार सहायकों के परिजनों को ₹10 लाख की मृत्यु अनुग्रह सहायता राशि और आश्रितों को अनुकंपा नियुक्ति दी जाए। सचिव-विहीन ग्राम पंचायतों में ग्राम रोजगार सहायकों को सचिवीय प्रभार सौंपने, लंबित तीन माह के मानदेय का शीघ्र भुगतान, महिला सहायकों के लिए स्थानांतरण में विशेष प्रावधान तथा मानसिक उत्पीड़न पर रोक लगाने की भी मांग की गई है।
ज्ञापन में यह भी उल्लेख है कि पूर्व मुख्यमंत्री द्वारा 28 जून 2023 को किए गए महासम्मेलन की घोषणाओं को शीघ्र लागू किया जाए — जिसमें सहायक पंचायत सचिव पदनाम परिवर्तन, समान सेवा शर्तें, और मानदेय का समय पर भुगतान सुनिश्चित करने की बातें शामिल थीं। संगठन का कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने नारा दिया —“संघर्ष हमारा नारा है, सफलता हमारी मंजिल।”
ज्ञापन सौंपने के दौरान संगठन के पदाधिकारी धनेश मसराम (अध्यक्ष), गया प्रसाद धुर्वे, सूरज तेकाम, विपत ताराम, तोमेश्वर पूषाम, राजकुमार साहू, धनीराम कुशराम, सुनील साहू, राजेश साहू, प्यारे सिंह पंद्राम, लेख सिंह, चिलेश मरावी, देवर सिंह परस्ते, नरेंद्र धार्वे, बृजेश कुमार मार्को, और मंधु सिंह परस्ते सहित बड़ी संख्या में ग्राम रोजगार सहायक उपस्थित रहे।





