भोपाल। शिक्षा का अधिकार अधिनियम (RTE) 2009 के तहत सत्र 2024-25 में गैर अनुदान मान्यता प्राप्त अशासकीय स्कूलों में निःशुल्क अध्ययनरत विद्यार्थियों की फीस प्रतिपूर्ति से जुड़ी प्रक्रिया को लेकर राज्य शिक्षा केन्द्र ने अहम निर्णय लिया है। फीस प्रतिपूर्ति के लिए प्रपोजल लॉक करने की अंतिम तिथि बढ़ाकर अब 20 जनवरी 2026 कर दी गई है।
राज्य शिक्षा केन्द्र, भोपाल द्वारा जारी आदेश में बताया गया है कि इससे पूर्व अशासकीय स्कूलों को फीस प्रतिपूर्ति प्रपोजल तैयार कर लॉक करने की अंतिम तिथि 30 नवंबर 2025 निर्धारित थी, जिसे पहले भी चरणबद्ध रूप से बढ़ाया गया। इसके बावजूद पोर्टल की समीक्षा में यह सामने आया कि कुछ ऐसे अशासकीय विद्यालय, जिनमें आरटीई के अंतर्गत कमजोर वर्ग एवं वंचित समूह के विद्यार्थी निःशुल्क अध्ययनरत हैं, उन्होंने अभी तक सत्र 2024-25 के प्रपोजल लॉक नहीं किए हैं।

राज्य शिक्षा केन्द्र ने विद्यार्थियों के हित को ध्यान में रखते हुए अशासकीय स्कूलों को एक बार फिर अंतिम अवसर दिया है। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि यदि संबंधित स्कूल 20 जनवरी 2026 तक फीस प्रतिपूर्ति प्रपोजल लॉक नहीं करते हैं, तो उन्हें सत्र 2024-25 की फीस प्रतिपूर्ति का लाभ नहीं मिलेगा। साथ ही इस विषय में भविष्य में किसी भी प्रकार का पत्राचार मान्य नहीं किया जाएगा। ऐसी स्थिति में अशासकीय स्कूलों को निःशुल्क अध्ययनरत विद्यार्थियों की पढ़ाई का खर्च स्वयं वहन करना होगा।
इस संबंध में राज्य के समस्त कलेक्टरों एवं जिला परियोजना समन्वयकों को निर्देशित किया गया है कि वे अपने-अपने जिलों के शेष रह गए संबंधित अशासकीय स्कूलों को तत्काल सूचित करें और समय-सीमा के भीतर नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित कराएं। राज्य शिक्षा केन्द्र के अपर संचालक शीतांशु शुक्ला द्वारा जारी इस आदेश को आरटीई के तहत अध्ययनरत हजारों विद्यार्थियों के हित में लिया गया महत्वपूर्ण निर्णय माना जा रहा है।
