डिंडौरी। अध्यापक शिक्षक संयुक्त मोर्चा के प्रांतीय आह्वान पर दूसरे चरण के आंदोलन के तहत करंजिया ब्लॉक में शिक्षकों ने जोरदार प्रदर्शन किया। ब्लॉक शाखा करंजिया में सैकड़ों शिक्षकों की उपस्थिति में महासभा आयोजित की गई, जिसमें विभिन्न मांगों को लेकर विस्तार से चर्चा की गई।

महासभा में शिक्षकों ने वर्ष 2010 के पूर्व नियुक्त शिक्षकों को भारत सरकार के प्रावधानों के अनुसार टीईटी परीक्षा से मुक्त किए जाने की मांग उठाई। शिक्षकों का कहना है कि टीईटी परीक्षा का प्रावधान वर्ष 2010 में लागू हुआ, इसलिए उससे पूर्व नियुक्त शिक्षकों पर इसे लागू करना अनुचित है और इससे उनके सम्मान को ठेस पहुंचती है।

शिक्षकों ने इस प्रावधान को निरस्त करने के लिए अध्यादेश लाने की मांग की। साथ ही प्रथम नियुक्ति दिनांक से वरिष्ठता प्रदान किए जाने की मांग भी प्रमुख रूप से रखी गई। महासभा के पश्चात शिक्षकों ने करंजिया में रैली निकालकर अपनी मांगों के समर्थन में प्रदर्शन किया और भारत के प्रधानमंत्री, केंद्रीय शिक्षामंत्री, मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री एवं शिक्षामंत्री के नाम नायब तहसीलदार करंजिया को ज्ञापन सौंपा।

इस दौरान रामकुमार गर्ग, सुशील कुमार, नागेश्वर, जीवन मरावी, श्यामलाल विश्वकर्मा, इनायत अली, सैयद फिरोजा बेगम, भारती मरावी, सुनील शुक्ला, सुनील नामदेव, मंजूलता, नर्मदा, उर्मिला मरावी, सावित्री चंदेल, रेवती गवले सहित बड़ी संख्या में शिक्षक उपस्थित रहे। शिक्षकों ने चेतावनी दी है कि मांगें पूरी नहीं होने पर आंदोलन को और तेज किया जाएगा।




