— कलेक्टर अंजू भदौरिया का अल्टीमेटम | जल जीवन मिशन की अधूरी योजनाएं पूरी करें
डिंडौरी। कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में जल जीवन मिशन की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में संचालित नल-जल योजनाओं की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की गई तथा लंबित कार्यों को 31 मार्च 2026 तक पूर्ण करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में बताया गया कि जिले के 454 स्वीकृत ग्रामों में से 126 ग्रामों की योजनाएं वर्तमान में प्रगतिरत हैं। लक्ष्य के अनुरूप प्रगति संतोषजनक न पाए जाने पर कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों से कारणों की जानकारी ली। अधिकारियों ने बताया कि कई ग्रामों में फसल खड़ी होने के कारण कार्य प्रभावित हुआ है। इस पर कलेक्टर ने प्रभावित ग्रामों की विस्तृत सूची तत्काल प्रस्तुत करने के निर्देश कार्यपालन यंत्री, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग को दिए।
कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि न्यूनतम 90 प्रतिशत नल-जल योजनाएं पूर्ण कर शत-प्रतिशत उपलब्धि सुनिश्चित की जाए। जिन ग्रामों में जल स्रोत के अभाव में योजनाएं अधूरी हैं, वहां प्राथमिकता के आधार पर नलकूप खनन कराया जाए। इस संबंध में कार्यपालन यंत्री, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी (मैकेनिकल) को शीघ्र कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
साथ ही मैकेनिकल संकाय को आवंटित अपूर्ण योजनाओं को निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करने तथा निरीक्षणकर्ताओं को निरंतर निगरानी रखने के निर्देश भी दिए गए। बैगा बहुल ग्रामों में नल-जल योजना के सुचारू संचालन हेतु स्थानीय बैगा जनजाति के युवाओं को ऑपरेटर के रूप में नियुक्त करने के निर्देश भी कलेक्टर द्वारा दिए गए। बैठक में सीईओ जिला पंचायत श्री दिव्यांशु चौधरी, कार्यपालन यंत्री अफजल इमामउल्ला खान, उपयंत्री, एसडीओ सहित संबंधित विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।


