डिंडौरी। कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया की अध्यक्षता में मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में जिला स्तरीय परामर्शदात्री समिति (DLCC) की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले की आर्थिक प्रगति, बैंकिंग गतिविधियों एवं विभिन्न स्वरोजगार योजनाओं की विस्तार से समीक्षा की गई।
बैठक में सीईओ जिला पंचायत दिव्यांशु चौधरी, अग्रणी जिला प्रबंधक रविशंकर, सहायक आयुक्त जनजातीय कार्य विभाग राजेन्द्र कुमार जाटव सहित कृषि, उद्यानिकी, मत्स्य विभाग के अधिकारी, विभिन्न विभागीय प्रतिनिधि एवं बैंकर्स उपस्थित रहे।
कलेक्टर भदौरिया ने बैंकों को निर्देश दिए कि जिले के साख-जमा अनुपात में तत्काल सुधार किया जाए। उन्होंने कहा कि कृषि, लघु उद्योग एवं अन्य प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में ऋण वितरण की गति बढ़ाई जाए, ताकि अधिक से अधिक हितग्राहियों को शासन की योजनाओं का लाभ मिल सके।
बैठक में पीएमएफएमई, भगवान बिरसा मुंडा स्वरोजगार योजना, टंट्या मामा आर्थिक कल्याण योजना, संत रविदास स्वरोजगार योजना एवं डॉ. भीमराव अंबेडकर आर्थिक कल्याण योजना के अंतर्गत निर्धारित लक्ष्यों की समीक्षा की गई। साथ ही किसान क्रेडिट कार्ड, स्वयं सहायता समूहों के बैंक क्रेडिट लिंकेज, पीएम स्वनिधि एवं मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना के लक्ष्यों को समय-सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए गए।
कलेक्टर ने स्पष्ट कहा कि शासन की कल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। लक्ष्य पूर्ति में कोताही बरतने वाले अधिकारी-कर्मचारियों के विरुद्ध कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने सभी विभागों और बैंकों से समन्वय के साथ कार्य करते हुए जिले की आर्थिक प्रगति को गति देने पर जोर दिया।




