डिंडौरी। जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र द्वारा गुरुवार को ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी) परिसर, डिंडौरी में स्वरोजगार मेले का आयोजन किया गया। मेले का उद्देश्य युवाओं एवं नागरिकों को स्वरोजगार के माध्यम से आत्मनिर्भर बनाना रहा। कार्यक्रम में प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के अंतर्गत 10 हितग्राहियों तथा मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना के अंतर्गत 6 हितग्राहियों को स्वरोजगार प्रारंभ करने हेतु ऋण स्वीकृति पत्र वितरित किए गए।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भाजपा जिला अध्यक्ष चमरू सिंह नेताम ने कहा कि प्रधानमंत्री द्वारा गरीब, युवा, महिला एवं किसान वर्ग को प्राथमिकता देते हुए अनेक जनकल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रही हैं। उन्होंने युवाओं से नौकरी के साथ-साथ स्वरोजगार अपनाकर रोजगार देने वाला बनने का आह्वान किया।
डिंडौरी विधायक ओमकार मरकाम ने कहा कि जीवन कर्म पर आधारित है और व्यक्ति को सदैव किसी न किसी कार्य से जुड़ा रहना चाहिए। उन्होंने रोजगार और आय के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि सक्रियता ही आत्मनिर्भरता का आधार है। विधायक मरकाम ने बताया कि जिले में रोजगार की समस्या को लेकर 3 दिसंबर को विधानसभा में मनरेगा विषयक पहल की गई थी, जिसके परिणामस्वरूप मनरेगा आयुक्त द्वारा जिले का भ्रमण किया गया और अब 125 दिनों का रोजगार उपलब्ध कराए जाने की प्रक्रिया प्रारंभ हो चुकी है। स्वरोजगार मेले में उपस्थित छात्रा मीना ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल नौकरी प्राप्त करना नहीं, बल्कि ज्ञान अर्जन है और व्यक्ति अपनी परिस्थितियों व सोच के अनुसार नौकरी या स्वरोजगार का चयन कर सकता है।
प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के अंतर्गत विकास नंदा, आदित्य उईके, पुनीत कुमार यादव, रोमा गुप्ता, आरती यादव, परमानंद झरिया, सुमन नायक, प्रकाश नंदा एवं किस्तून निशा को लाभान्वित किया गया। वहीं मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना के अंतर्गत सुंदर सिंह कुशवाहा, प्रदीप कुमार चौहान, सुरेश कुमार, आजाद सोनी, दीपक मौहारी एवं सुरेश कुमार को ऋण स्वीकृति पत्र प्रदान किए गए। कार्यक्रम में जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्रीमती अंजू ब्यौहार, जिला पंचायत सदस्य हीरा परस्ते, नरेंद्र सिंह राजपूत, महेश धूमकेती, एसडीएम सुश्री भारती मरावी, श्रीमती राधिका कुशरे सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।




