मध्यप्रदेश के दतिया जिले अवैध शराब के विरुद्ध चल रही पुलिस कार्रवाई के दौरान दतिया में मानवता और संवेदनशीलता की एक मिसाल सामने आई। कानून व्यवस्था की सख्ती के बीच दतिया पुलिस का अत्यंत करुणामय रूप देखने को मिला।
कार्रवाई के समय SDOP दतिया श्रीमती आकांक्षा जैन की नजर कड़ाके की ठंड में अकेले, भूखे और लगातार रोते लगभग तीन माह के नवजात शिशु पर पड़ी। शिशु की स्थिति को गंभीरता से समझते हुए उन्होंने तुरंत उसे गोद में उठाया और स्नेह व सुरक्षा प्रदान की।
बता दें कि SDOP आकांक्षा जैन ने तत्काल दूध मंगवाया तथा ठंड से बचाने के लिए गर्म कपड़ों की व्यवस्था कर नवजात को सुरक्षित व सहज किया। कुछ समय बाद जब शिशु शांत हुआ, तब उसे उसकी बड़ी बहन के सुपुर्द करते हुए आवश्यक समझाइश भी दी गई। यह घटना केवल एक पुलिस कार्रवाई तक सीमित नहीं रही, बल्कि वर्दी में निहित मानवीय धर्म, करुणा और संवेदनशील दायित्व का जीवंत उदाहरण बन गई। दतिया पुलिस के इस मानवीय प्रयास की क्षेत्र में सराहना की जा रही है।
