— स्कूल गए बिना लगाई ऑनलाइन हाजिरी, महीनों उठाया वेतन! शिक्षक निलंबित, FIR के निर्देश
मध्यप्रदेश के गुना जिले में सरकारी स्कूल में फर्जी ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज कर वेतन लेने का मामला सामने आया है। जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) ने प्रथम दृष्टया शिकायत सही पाए जाने पर प्राथमिक शिक्षक एवं प्रभारी प्रधानाध्यापक सुनील कुमार माहौर को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। साथ ही उनके विरुद्ध संबंधित थाने में एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश भी जारी किए गए हैं।
जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा 27 जुलाई 2026 को जारी आदेश के अनुसार, शासकीय प्राथमिक विद्यालय चक मुसरेडी, विकासखंड गुना में पदस्थ सुनील कुमार माहौर के विरुद्ध विद्यालय में फर्जी तरीके से ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज कराने की शिकायत प्राप्त हुई थी। शिकायत के परीक्षण के लिए विकासखंड शिक्षा अधिकारी, गुना से जांच कराई गई।
जांच प्रतिवेदन में बताया गया कि संबंधित शिक्षक 16 अप्रैल 2026 से 18 जुलाई 2026 तक अनधिकृत रूप से अनुपस्थित रहे, लेकिन इस दौरान ऑनलाइन ई-अटेंडेंस दर्ज कर वेतन प्राप्त करते रहे। जांच में शिकायत प्रथम दृष्टया सही पाए जाने पर जिला शिक्षा अधिकारी ने मध्यप्रदेश सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम, 1966 के तहत उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।
आदेश के अनुसार निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय, गुना रहेगा तथा नियमानुसार उन्हें जीवन निर्वाह भत्ता देय होगा। इसी मामले में जिला शिक्षा अधिकारी ने एक अलग आदेश जारी कर विकासखंड शिक्षा अधिकारी को निर्देशित किया है कि संबंधित शिक्षक के विरुद्ध तत्काल संबंधित थाने में एफआईआर दर्ज कराई जाए। आदेश में उल्लेख किया गया है कि अनधिकृत अनुपस्थिति के दौरान किसी अन्य स्थान से फर्जी ई-अटेंडेंस लगाकर शासन से वेतन प्राप्त करना धोखाधड़ी की श्रेणी में आता है। एफआईआर दर्ज होने के बाद उसकी प्रति जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय में प्रस्तुत करने के भी निर्देश दिए गए हैं।
शिक्षा विभाग की इस कार्रवाई को ऑनलाइन उपस्थिति प्रणाली के दुरुपयोग पर सख्त रुख के रूप में देखा जा रहा है। विभागीय अधिकारियों का मानना है कि इस प्रकार की कार्रवाई से सरकारी विद्यालयों में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी।
