भोपाल। मध्यप्रदेश शासन जनजातीय कार्य विभाग ने डिंडौरी जिले में पदस्थापना के दौरान हुई वित्तीय अनियमितताओं के गंभीर आरोपों पर सहायक आयुक्त अमर सिंह उईके को निलंबित कर दिया है।
शासन द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि उईके के विरुद्ध थाना कोतवाली डिंडौरी में धारा 420, 409 और 34 आईपीसी के तहत आपराधिक प्रकरण दर्ज कर विवेचना में लिया गया था। प्रकरण में अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया और आरोपी अधिकारी 29 जुलाई 2024 से 10 मई 2025 तक न्यायिक अभिरक्षा में निरुद्ध रहे।
मध्यप्रदेश सिविल सेवा नियमों के तहत 48 घंटे से अधिक न्यायिक हिरासत में रहने वाले अधिकारी को निलंबित किया जाना अनिवार्य है। इसी प्रावधान के अंतर्गत शासन ने कार्रवाई करते हुए उईके (वर्तमान में सहायक आयुक्त, जनजातीय कार्य जिला सिवनी) को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय भोपाल संभागीय उपायुक्त, जनजातीय कार्य एवं अनुसूचित जाति विकास कार्यालय रहेगा और उन्हें केवल जीवन निर्वाह भत्ता मिलेगा।




