डिंडौरी । जिले में पेट्रोल-डीजल बचत और ऊर्जा संरक्षण को लेकर जिला प्रशासन द्वारा अभिनव पहल की जा रही है। भारत सरकार के निर्देश एवं कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया के मार्गदर्शन में अधिकारियों ने वैकल्पिक परिवहन अपनाकर आमजन को सकारात्मक संदेश दिया।
इसी क्रम में अपर कलेक्टर जेपी यादव साइकिल से कार्यालय पहुंचे, जबकि एसडीएम रामबाबू देवांगन इलेक्ट्रिक स्कूटी से कार्यालय आए। अधिकारियों ने ईंधन बचत और पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए नागरिकों से भी कम दूरी के लिए साइकिल, पैदल चलने और ई-वाहनों को अपनाने की अपील की।
कलेक्टर द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार शासकीय वाहनों का उपयोग केवल आवश्यक शासकीय कार्यों तक सीमित रखा जाएगा। अनावश्यक वाहन संचालन पर रोक लगाने के साथ ही एक दिशा में जाने वाले अधिकारियों के लिए वाहन साझा प्रणाली लागू करने पर जोर दिया गया है। जिला प्रशासन ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठकों को बढ़ावा देने, वाहनों की नियमित सर्विसिंग, टायर प्रेशर जांच और प्रतीक्षा के दौरान इंजन बंद रखने जैसे उपायों को भी लागू किया है, ताकि ईंधन की बचत सुनिश्चित की जा सके।
इसके अलावा कार्यालयों में डिजिटल फाइलिंग, ई-ऑफिस और ऑनलाइन संवाद प्रणाली के अधिकतम उपयोग के निर्देश दिए गए हैं। “ईंधन बचाओ-पर्यावरण बचाओ” अभियान के तहत विद्यालयों, महाविद्यालयों और ग्राम पंचायतों में जन-जागरूकता कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे। कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया ने कहा कि ऊर्जा संरक्षण केवल प्रशासनिक जिम्मेदारी नहीं, बल्कि सामाजिक दायित्व भी है। छोटे-छोटे प्रयासों से पेट्रोल-डीजल की बचत कर पर्यावरण संरक्षण में महत्वपूर्ण योगदान दिया जा सकता है।
