भोपाल। मध्यप्रदेश शासन, पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग ने ग्राम पंचायत सचिवों के प्रभार और आकस्मिक रिक्तियों को लेकर नया निर्देश जारी किया है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि किसी ग्राम पंचायत में सचिव या सहायक सचिव की अनुपस्थिति, सेवानिवृत्ति, मृत्यु या त्यागपत्र की स्थिति बन में ग्राम रोजगार सहायकों को अस्थायी रूप से सचिवीय अधिकार दिए जाएंगे, ताकि पंचायत कार्य सुचारू रूप से चलता रहे।
संदर्भ में मध्यप्रदेश पंचायत राज एवं ग्राम स्वराज अधिनियम 1993 की धारा 69 (1) और 69 (4) का हवाला देते हुए यह निर्देश जारी किया गया है। इसके अनुसार, ग्राम पंचायत सचिव का कार्यभार धारण करने वाला व्यक्ति तब तक अस्थायी रूप से सचिवीय कर्तव्य निभाएगा जब तक स्थायी नियुक्ति नहीं होती।
उप सचिव हृदयेश श्रीवास्तव ने कहा कि सभी जिलों में यह आदेश कड़ाई से पालन किया जाए। विभाग के अनुसार, यह कदम पंचायत कार्यों में किसी भी प्रकार की रुकावट या विलंब को रोकने के लिए जरूरी है। महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी कार्यक्रम के अंतर्गत नियुक्त ग्राम रोजगार सहायकों पर लागू होगी, जिन्हें अस्थायी सचिव के रूप में कार्यभार संभालने का अधिकार दिया जाएगा।



