भोपाल। मध्यप्रदेश राज्य रोजगार गारंटी परिषद ने महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के अंतर्गत प्रधानमंत्री आवास योजना–ग्रामीण (PMAY-G) के लाभार्थियों को कन्वर्जेंस के माध्यम से निर्धारित 90/95 मानव दिवस का अकुशल मजदूरी रोजगार उपलब्ध कराने के निर्देश जारी किए हैं। इस संबंध में परिषद ने सभी जिला पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों एवं अतिरिक्त कार्यक्रम समन्वयकों को पत्र जारी किया है।
जारी आदेश के अनुसार वित्तीय वर्ष 2023-24 एवं उसके बाद स्वीकृत ऐसे पीएमएवाई-जी आवास कार्य, जो मनरेगा सॉफ्टवेयर पर भौतिक रूप से पूर्ण (Physical Complete) दर्शाए जा रहे थे, लेकिन जिनमें मानव दिवस का नियोजन नहीं हुआ था, उन्हें पुनः प्रगतिरत (In Progress) किया गया है। इससे अब इन कार्यों पर शेष श्रमिक मानव दिवस का नियोजन किया जा सकेगा और लाभार्थियों को रोजगार उपलब्ध कराया जाएगा।

वहीं वित्तीय वर्ष 2023-24 के पूर्व के ऐसे कार्य, जिन पर किसी भी प्रकार का मानव दिवस सृजित नहीं हुआ है, उन्हें भारत सरकार द्वारा मनरेगा सॉफ्टवेयर पर ‘क्लोज्ड’ कर दिया गया है। ऐसे कार्यों पर अब श्रमिक नियोजन संभव नहीं होगा। राज्य रोजगार गारंटी परिषद ने जिला पंचायतों को भारत सरकार के संदर्भित पत्र के अनुरूप आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं, ताकि पात्र पीएमएवाई-जी लाभार्थियों को मनरेगा के तहत निर्धारित रोजगार का लाभ मिल सके।
