— बालाघाट में सुबह 6 बजे पहुंची EOW की टीम, जमीन-मकान, वाहन और पांच लग्जरी स्लीपर बसें जांच के दायरे में
बालाघाट। आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW) जबलपुर की टीम ने बालाघाट जिले के मनोरा स्थित सेवा सहकारी समिति मर्यादित के प्रबंधक विलास चौरे के आवास पर अनुपातहीन संपत्ति के मामले में सर्च कार्रवाई की। 17 सितंबर को सुबह करीब 6 बजे शुरू हुई कार्रवाई में आरोपी और उसके परिजनों के नाम पर अर्जित संपत्तियों एवं बैंक खातों की जांच की जा रही है। EOW के अनुसार अब तक की जांच में करीब 3 करोड़ रुपये से अधिक की अनुपातहीन संपत्ति का पता चला है।
EOW के मुताबिक विलास चौरे, पिता स्वर्गीय मानिकचंद चौरे, के खिलाफ भ्रष्टाचार के जरिए आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने की शिकायत प्राप्त हुई थी। शिकायत के सत्यापन में आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए जाने के बाद उनके विरुद्ध अपराध क्रमांक 0/26 के तहत भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 की धारा 13(1)(बी) और 13(2) के तहत प्रकरण दर्ज किया गया।
सर्च कार्रवाई में अब तक सामने आई संपत्तियों में करीब 70 लाख रुपये की जमीन, प्लॉट एवं मकान, लगभग 70 लाख रुपये का घरेलू सामान, करीब 15 लाख रुपये की महिंद्रा फोर व्हीलर, करीब 12 लाख रुपये की सुजुकी ग्रैंड विटारा, दो बोलेरो वाहन करीब 15 लाख रुपये, पांच लग्जरी स्लीपर बसें करीब एक करोड़ रुपये और तीन दोपहिया वाहन करीब 2.5 लाख रुपये के बताए गए हैं।
जांच के दौरान आरोपी और उसके परिजनों के नाम से विभिन्न बैंक शाखाओं में संचालित 8 बैंक खातों और बीमा पॉलिसियों की जानकारी भी सामने आई है। इन खातों में जमा राशि और अन्य वित्तीय लेन-देन की जानकारी जुटाई जा रही है।
EOW की कार्रवाई अभी जारी है। जांच टीम द्वारा अन्य संपत्तियों, बैंक खातों और वित्तीय दस्तावेजों की भी पड़ताल की जा रही है। अधिकारियों के अनुसार सर्च कार्रवाई पूरी होने के बाद अनुपातहीन संपत्ति का वास्तविक आंकड़ा और स्पष्ट हो सकेगा।
