डिंडौरी। कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया ने कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित समय-सीमा बैठक में जिले में संचालित विभिन्न शासकीय योजनाओं, विकास कार्यों एवं जनहित से जुड़े प्रकरणों की विस्तारपूर्वक समीक्षा की। बैठक में अपर कलेक्टर जे.पी. यादव, जिला पंचायत सीईओ दिव्यांशु चौधरी, एसडीएम भारती मेरावी, एसडीएम रामबाबू देवांगन सहित सभी विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन में प्राप्त शिकायतों की गहन समीक्षा करते हुए लंबित मामलों के शीघ्र निराकरण के निर्देश दिए। उन्होंने संस्थागत वित्त विभाग, निर्वाचन शाखा, परिवहन विभाग, होमगार्ड एवं नागरिक सुरक्षा, ऊर्जा विभाग, मनरेगा सहित कुछ विभागों के नॉन-अटेंड प्रकरणों पर सख्त रुख अपनाते हुए 1000-1000 रुपये जुर्माना जमा कराने के निर्देश दिए। यह राशि चालान अथवा बैंक ड्राफ्ट के माध्यम से झंडा दिवस/सैनिक कोष खाते में जमा कराई जाएगी।
इसके अलावा संस्कृति एवं पर्यटन विभाग के 50 एवं 100 दिवस से लंबित प्रकरणों के त्वरित निराकरण के निर्देश भी दिए गए। कलेक्टर ने ई-गवर्नेंस प्रबंधक को निर्देशित किया कि जनसुनवाई में तीन बार आने के बाद भी जिन आवेदनों का निराकरण नहीं हुआ है, ऐसे विभागों की सूची तैयार की जाए ताकि लापरवाह अधिकारियों पर कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके। बैठक में दिव्यांगजनों के सर्वे अभियान को तेज करने पर भी जोर दिया गया। ग्राम पंचायतों, नगर निकायों में सचिव, आंगनवाड़ी एवं आशा कार्यकर्ताओं के माध्यम से जानकारी संकलित कर समाधान पोर्टल एवं गूगल शीट पर दर्ज करने के निर्देश दिए गए। पात्र दिव्यांगजनों के प्रमाण पत्र शीघ्र बनवाकर उन्हें योजनाओं से जोड़ने पर विशेष ध्यान देने को कहा गया।
महिला बाल विकास विभाग द्वारा संचालित बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत एनीमिया परीक्षण में चिन्हित बालिकाओं को स्वास्थ्य विभाग द्वारा नियमित उपचार एवं दवाएं उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए। कलेक्टर ने एसडीएम एवं तहसीलदारों को निर्देशित किया कि 1 फरवरी से जिले के पेट्रोल पंपों पर बिना हेलमेट वाहन चालकों को पेट्रोल न दिया जाए। साथ ही समनापुर, बजाग, करंजिया एवं शहपुरा विकासखंडों में हाट बाजारों में जैविक उत्पादों के नियमित आयोजन पर भी जोर दिया।
बैठक में सीपी ग्राम, पीएम जनमन योजना, स्वच्छ भारत मिशन, स्कूलों में शौचालयों की साफ-सफाई एवं नगरीय निर्माण कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने राजस्व प्रकरणों जैसे बंटवारा, सीमांकन, नामांतरण, फौतीनामा, राजस्व वसूली एवं ई-केवाईसी के त्वरित निराकरण के निर्देश दिए। उन्होंने कृषि, मत्स्य, सहकारिता, एनआरएलएम, खाद्य, आत्मा, स्वास्थ्य एवं महिला बाल विकास विभाग को योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष ध्यान देने को कहा। जनहित के मामलों में तेजी और जवाबदेही सुनिश्चित करने के निर्देश कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि जिले में योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और सभी अधिकारियों को समय-सीमा में कार्य पूर्ण करना होगा।
