
— जीवन आश्रम में वृद्धजनों के साथ बिताए आत्मीय पल, कुशलक्षेम जानकर दिया सम्मान और स्नेह का संदेश
डिंडौरी। त्यौहारों की असली खुशियां अपनों के साथ समय बिताने और दूसरों के जीवन में मुस्कान बिखेरने में छिपी होती हैं। इसी संवेदनशीलता और अपनत्व की मिसाल पेश करते हुए कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया शुक्रवार को दीपावली एवं धनतेरस के अवसर पर मंडला रोड बायपास स्थित दिव्य ज्योति सोशल डेवलपमेंट सेंटर द्वारा संचालित जीवन आश्रम वृद्धाश्रम पहुंचीं। यहां उन्होंने बुजुर्गों के बीच पहुंचकर न केवल त्योहार की खुशियां साझा कीं, बल्कि उनके साथ कुछ ऐसे आत्मीय पल बिताए, जिन्होंने वृद्धजनों के चेहरों पर मुस्कान बिखेर दी।
जीवन आश्रम पहुंचने पर कलेक्टर ने वहां निवासरत वृद्धजनों से मुलाकात कर उनका कुशलक्षेम जाना। उन्होंने बुजुर्गों के स्वास्थ्य, रहन-सहन और दैनिक जीवन से जुड़ी जानकारी ली। इस दौरान कलेक्टर ने वृद्धजनों को उपहार भेंट कर दीपावली एवं धनतेरस की शुभकामनाएं दीं। औपचारिक मुलाकात से आगे बढ़ते हुए उन्होंने बुजुर्गों के साथ बैठकर भजन-गायन किया और उनसे आत्मीय बातचीत कर त्योहार की खुशियों में सहभागिता निभाई।
कलेक्टर को अपने बीच पाकर वृद्धजनों के चेहरों पर प्रसन्नता साफ दिखाई दी। त्योहार के मौके पर मिले इस अपनत्व, सम्मान और स्नेह ने उनके लिए इस दिन को खास बना दिया। कुछ समय के लिए ही सही, लेकिन प्रशासनिक जिम्मेदारियों के बीच कलेक्टर का बुजुर्गों के साथ बैठना और उनकी खुशियों में शामिल होना सामाजिक संवेदनशीलता का संदेश दे गया।
इस अवसर पर कलेक्टर श्रीमती भदौरिया ने कहा कि त्योहारों की वास्तविक खुशियां अपनों के साथ समय बिताने और जरूरतमंदों के जीवन में खुशियां बांटने में निहित हैं। वरिष्ठजनों का सम्मान करना, उनकी देखभाल करना और उनके प्रति संवेदनशील व्यवहार रखना हम सभी की सामाजिक जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि समाज के बुजुर्गों को अपनत्व, सम्मान और स्नेह देना हमारी संस्कृति के मूल्यों का महत्वपूर्ण हिस्सा है। कार्यक्रम के दौरान जीवन आश्रम वृद्धाश्रम के संचालक, स्टॉफ एवं संबंधित अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।


