— मिलेट्स मेले में महिला समूहों की सहभागिता, जैविक उत्पादों की रही धूम
डिंडौरी। कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया के निर्देशन में कलेक्टर खेल मैदान में कृषि धन-धान्य योजना अंतर्गत किसान कल्याण वर्ष 2026 के अवसर पर “मिलेट्स व्यंजन मेला सह प्रदर्शनी” का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य मिलेट्स ‘श्री अन्न’, विशेषकर कोदो-कुटकी को प्रोत्साहित करना रहा, जो कम पानी में उगने वाली, पोषण से भरपूर तथा पर्यावरण के अनुकूल फसल है। खाद्य एवं पोषण सुरक्षा के साथ जैव विविधता संरक्षण में भी इसकी महत्वपूर्ण भूमिका है। जिला प्रशासन द्वारा “एक जिला-एक उत्पाद” के अंतर्गत कोदो-कुटकी आधारित मेला आयोजित किया गया, जिसमें जिले के कृषकों, स्व-सहायता समूहों और विभिन्न विभागों की सक्रिय सहभागिता रही।
कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के तैल चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। मेले में मिलेट्स श्री अन्न प्रसंस्करण एवं मूल्य संवर्धित उत्पादों की चलित प्रदर्शनी, कोदो-कुटकी आधारित एक जिला-एक उत्पाद प्रदर्शनी, कृषक-वैज्ञानिक संवाद तथा मिलेट्स व्यंजन प्रदर्शनी विशेष आकर्षण का केंद्र रहे। नगर पालिका डिंडौरी सहित महिला एवं बाल विकास विभाग, म.प्र. राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन, पशुपालन एवं डेयरी विभाग, मत्स्य पालन, उद्यानिकी तथा आयुष विभाग ने भी अपने-अपने स्टॉल लगाकर मिलेट्स आधारित उत्पादों का प्रदर्शन किया। कार्यक्रम में लोक नृत्य के माध्यम से जनजातीय कृषक महिलाओं को पारंपरिक खेती के प्रति जागरूक किया गया।
मिलेट्स व्यंजन प्रतियोगिता में विभिन्न स्व-सहायता समूहों और महिला किसानों ने खीर, हलुआ, पुलाव, इडली, डोसा, लड्डू, बर्फी, बिरयानी, पूड़ी, चटनी, केक, रसगुल्ला सहित अनेक स्वादिष्ट व्यंजन प्रस्तुत किए। सभी उत्पाद जैविक खेती पर आधारित रहे। प्रतियोगिता में हलचलित महिला किसान समूह ने प्रथम, आनंदम दीदी कैफे ने द्वितीय तथा महिला किसान समूह अध्यक्ष श्रीमती रेखा पन्द्राम ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।
अपने संबोधन में कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया ने कहा कि शासन द्वारा श्री अन्न को बढ़ावा देने के लिए बजट एवं विभिन्न योजनाओं के माध्यम से किसानों की आय बढ़ाने के प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि जिले की बहनों ने मिलेट्स के भंडारण एवं प्रसंस्करण में उल्लेखनीय कार्य कर प्रेरणादायी उदाहरण प्रस्तुत किया है और पर्यावरण संरक्षण व जैविक खेती को अपनाने की अपील की। जिला अध्यक्ष चमरू सिंह नेताम ने कहा कि शासन किसानों की आय वृद्धि के लिए निरंतर प्रयासरत है, वहीं नरेन्द्र सिंह राजपूत ने श्री अन्न को स्वास्थ्य के लिए अत्यंत लाभकारी बताया।
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न शासकीय योजनाओं के तहत किसानों को अनुदान राशि का वितरण भी किया गया। प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना सहित अन्य योजनाओं के हितग्राहियों को आर्थिक सहायता प्रदान की गई तथा महिला आजीविका समूहों को बैंक लिंकेज के माध्यम से बड़ी राशि स्वीकृत की गई। कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, कृषि वैज्ञानिकों, अधिकारियों और बड़ी संख्या में किसानों की उपस्थिति रही। यह आयोजन जिले में कोदो-कुटकी को आर्थिक सशक्तिकरण और सतत कृषि के मजबूत विकल्प के रूप में स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ।


