डिंडौरी। राज्य स्तरीय शालेय खेल कैलेंडर वर्ष 2026-27 के अंतर्गत आयोजित प्रतियोगिताओं में डिंडौरी जिले के 49 छात्र-छात्राओं ने सहभागिता कर जिले का प्रतिनिधित्व किया। जनजातीय कार्य विभाग मध्यप्रदेश के अंतर्गत खिलाड़ियों ने रग्बी और तैराकी प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेकर अपनी खेल प्रतिभा का प्रदर्शन किया। खिलाड़ियों के प्रदर्शन के आधार पर उनमें से अधिकांश के राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं के लिए चयनित होने की उम्मीद जताई जा रही है।
कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया के मार्गदर्शन एवं सहायक आयुक्त राजेंद्र कुमार जाटव के निर्देशन में जिले के खिलाड़ियों ने राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं में भाग लिया। 5 से 10 अक्टूबर 2026 तक इंदौर में आयोजित 70वीं शालेय राज्य स्तरीय रग्बी प्रतियोगिता में डिंडौरी के 42 खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया। इनमें शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बरगांव एवं सांदीपनि विद्यालय शहपुरा के खिलाड़ी शामिल रहे। खिलाड़ियों ने प्रशिक्षक रमा साहू एवं गौरव शर्मा के नेतृत्व में प्रतियोगिता में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
इसी क्रम में ग्वालियर में आयोजित राज्य स्तरीय तैराकी प्रतियोगिता में हाई स्कूल क्यूटी के सात खिलाड़ियों ने भाग लिया। प्रशिक्षक शिवानी धाकड़ के मार्गदर्शन में खिलाड़ियों ने प्रतियोगिता में जिले का प्रतिनिधित्व किया। इस तरह रग्बी और तैराकी में कुल 49 खिलाड़ी राज्य स्तर पर अपनी प्रतिभा दिखाने पहुंचे।
प्रतियोगिताओं में खिलाड़ियों ने उत्साह, अनुशासन और खेल भावना के साथ सहभागिता की। उनके प्रदर्शन को देखते हुए राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में चयन की उम्मीद जताई जा रही है। जिले के खिलाड़ियों की इस उपलब्धि को खेल गतिविधियों के विस्तार, नियमित अभ्यास और प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन से जोड़कर देखा जा रहा है।
खिलाड़ियों की सहभागिता पर विकासखंड शिक्षा अधिकारी संजय जाट, प्राचार्य डॉ. डी.के. श्रीवास्तव, संदीप सोनी, रोशन झारिया, मूलचंद साहू, यशवंत साहू, डॉ. आर.के. गौतम तथा प्रशिक्षक अनिल लोधी, जागेश्वर नंदा, परवेज खान एवं नवीन खरगाल सहित अन्य शिक्षकों और खेल प्रशिक्षकों ने प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने खिलाड़ियों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की और आगामी प्रतियोगिताओं में बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रोत्साहित किया।राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं में डिंडौरी के 49 खिलाड़ियों की सहभागिता जिले में उभरती खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। अब खिलाड़ियों को राष्ट्रीय स्तर पर अवसर मिलने का इंतजार है।

