मध्यप्रदेश के छतरपुर जिले के शासकीय स्कूलों में छात्रों की सुरक्षा को लेकर जिला शिक्षा अधिकारी, छतरपुर द्वारा सख्त निर्देश जारी किए गए हैं। आदेश के अनुसार अब किसी भी विद्यालय परिसर में आवारा श्वानों (कुत्तों) का प्रवेश हर हाल में रोका जाएगा। इस संबंध में जिले के समस्त शासकीय एवं अशासकीय उच्च माध्यमिक, हाईस्कूल, प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालयों के प्राचार्यों और प्रधानाध्यापकों को स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।

जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा जारी आदेश में उल्लेख किया गया है कि आवारा कुत्तों के विद्यालय परिसर में प्रवेश से अध्ययनरत छात्र-छात्राओं के साथ कभी भी अप्रिय घटना घटित हो सकती है। इसी को दृष्टिगत रखते हुए प्रत्येक विद्यालय में एक नोडल अधिकारी नियुक्त किए जाने के निर्देश दिए गए हैं, जो विद्यालय परिसर की सुरक्षा व्यवस्था के लिए जिम्मेदार होगा।
साथ ही विद्यालय स्तर पर एक विशेष दल का गठन कर नियमित रूप से मॉनिटरिंग करने को कहा गया है, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि किसी भी स्थिति में आवारा श्वान विद्यालय परिसर में प्रवेश न कर सकें। आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि इस संबंध में किसी भी प्रकार की लापरवाही को गंभीरता से लिया जाएगा और निर्देशों का कड़ाई से पालन अनिवार्य होगा।

वहीं यह आदेश जारी होने का शिक्षा जगत में चर्चा का विषय बना हुआ है।
शिक्षा विभाग के इस कदम को छात्रों की सुरक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है, विशेषकर उन विद्यालयों में जहां पूर्व में आवारा कुत्तों की समस्या सामने आती रही है। हालांकि, आदेश को लेकर शिक्षकों के बीच अतिरिक्त जिम्मेदारी को लेकर चर्चा भी शुरू हो गई है।




