— अब 180 दिन तक की छुट्टी स्थानीय स्तर पर होगी स्वीकृत, शासन ने जारी किया संशोधित आदेश
भोपाल। मध्यप्रदेश शासन के जनजातीय कार्य विभाग ने अधिकारियों और कर्मचारियों के अवकाश स्वीकृति संबंधी अधिकारों में संशोधन करते हुए नया आदेश जारी किया है। प्रमुख सचिव गुलशन बामरा द्वारा जारी संशोधित आदेश के अनुसार विभागीय समसंख्यक आदेश दिनांक 12 फरवरी 2026 में आंशिक संशोधन करते हुए विभिन्न स्तरों पर अवकाश स्वीकृति के अधिकार पुनः निर्धारित किए गए हैं।
जारी आदेश के अनुसार अब जिला, संभाग एवं राज्य स्तरीय कार्यालयों में पदस्थ अधिकारियों एवं कर्मचारियों को एक बार में 180 दिन तक अर्जित अवकाश, अर्द्धवेतन अवकाश, लघुकृत अवकाश, अदेय अवकाश, प्रसूति अवकाश, पितृत्व अवकाश, दत्तक ग्रहण अवकाश तथा संतान पालन अवकाश स्वीकृत करने के अधिकार संबंधित सक्षम अधिकारियों को प्रत्यायोजित किए गए हैं। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि 180 दिन से अधिक अवधि के अवकाश की स्वीकृति सभी संवर्गों के लिए केवल मध्यप्रदेश शासन के जनजातीय कार्य विभाग द्वारा ही जारी की जाएगी।
जिला स्तर पर तृतीय एवं चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के लिए कार्यालय प्रमुख तथा द्वितीय एवं प्रथम श्रेणी अधिकारियों के लिए संभागीय उपायुक्त (कलेक्टर की अनुशंसा पर) को अधिकार दिए गए हैं। वहीं संभागीय स्तर पर भी विभिन्न श्रेणियों के कर्मचारियों के लिए कार्यालय प्रमुख एवं संभागीय उपायुक्त को अवकाश स्वीकृति का अधिकार रहेगा। परीक्षा पूर्व प्रशिक्षण केंद्रों, विभागाध्यक्ष कार्यालयों और अन्य राज्य स्तरीय संस्थानों में भी संबंधित कार्यालय प्रमुखों और विभागाध्यक्षों को निर्धारित सीमा तक अवकाश स्वीकृत करने के अधिकार दिए गए हैं।
विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि वित्त विभाग के पूर्व परिपत्र के अनुसार शैक्षणिक संवर्गों को विश्राम अवकाश अवधि में ड्यूटी पर बुलाए जाने संबंधी प्रशासनिक अधिकार यथावत रहेंगे तथा मध्यप्रदेश सिविल सेवा (अवकाश) नियम, 2025 के प्रावधान लागू रहेंगे। यह संशोधित आदेश तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है।

