डिंडौरी। कलेक्टर भदौरिया ने कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित समय-सीमा की बैठक में जिले में संचालित विभिन्न शासकीय योजनाओं, विकास कार्यों एवं जनहित से जुड़े प्रकरणों की विस्तारपूर्वक समीक्षा की। बैठक में अपर कलेक्टर जेपी यादव, सीईओ जिला पंचायत दिव्यांशु चौधरी, एसडीएम शहपुरा ऐश्वर्य वर्मा, एसडीएम डिंडौरी भारती मेरावी, एसडीएम बजाग रामबाबू देवांगन सहित समस्त विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन एवं समय-सीमा प्रकरणों की गहन समीक्षा करते हुए लंबित मामलों के शीघ्र एवं गुणवत्तापूर्ण निराकरण के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि 50 से 100 दिवस तक लंबित रहने वाले प्रकरणों में संबंधित अधिकारी सार्थक और सही जवाब प्रस्तुत करें, अन्यथा लापरवाही पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में कलेक्टर ने समनापुर, बजाग, करंजिया एवं शहपुरा विकासखंडों के हाट बाजारों में जैविक उत्पादों के नियमित आयोजन के निर्देश दिए, ताकि स्थानीय उत्पादों को उचित बाजार मिल सके। पशुपालन एवं डेयरी विभाग को नई सहकारी दुग्ध समितियों के गठन, नए मिल्क रूट विकसित करने तथा निष्क्रिय समितियों को पुनः सक्रिय कर दुग्ध संग्रहण व विपणन व्यवस्था सुदृढ़ करने के निर्देश दिए गए, जिससे पशुपालकों को बेहतर मूल्य और रोजगार के अवसर मिल सकें।
कलेक्टर ने जन आकांक्षा, एक बगिया मां के नाम, पीएम एवं ग्रामीण आवास, स्वच्छ भारत मिशन, स्वरोजगार योजनाएं, रानी दुर्गावती अन्न प्रोत्साहन योजना, कृषि यंत्रीकरण, पीएम कृषि सिंचाई योजना, मत्स्य पालन, स्वास्थ्य, महिला-बाल विकास, मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना, मुख्यमंत्री वृंदावन ग्राम, जल जीवन मिशन, राजस्व संग्रहण, वन एवं जनजातीय कार्य विभाग सहित अनेक योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की और संबंधित अधिकारियों को गति लाने के निर्देश दिए।
बैठक में अनुपस्थित रहने एवं जानकारी प्रस्तुत न करने पर राष्ट्रीय सड़क प्राधिकरण के सब इंजीनियर को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश भी दिए गए। मुख्यमंत्री वृंदावन ग्राम योजना में दो ग्रामों को मॉडल के रूप में विकसित करने, धरती आबा योजना अंतर्गत पात्र हितग्राहियों को उज्ज्वला गैस कनेक्शन उपलब्ध कराने तथा पंखनी योजना के तहत बालिकाओं को प्रतियोगी परीक्षाओं की जानकारी और कोचिंग उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए।
कलेक्टर ने राजस्व विभाग को बटवारा, सीमांकन, नामांतरण, ई-केवाईसी व राजस्व वसूली पर विशेष ध्यान देने को कहा। साथ ही दुग्ध डेयरी, मुर्गी व बकरी पालन जैसी आजीविका गतिविधियों, निर्माणाधीन आंगनबाड़ी व विद्यालय भवनों की प्रगति, अवैध खनन व परिवहन पर सख्त कार्रवाई तथा यातायात व्यवस्था सुदृढ़ करने के निर्देश दिए। अंत में उन्होंने सभी अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ कार्य कर शासन की मंशा के अनुरूप योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने को कहा।




