मध्यप्रदेश के डिंडौरी जिले में 16 वर्षीय बालिका को बरगलाकर धर्म परिवर्तन कराने का मामला सामने आया है। शुक्रवार शाम को पीड़िता के परिजन हिंदू संगठन और सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ कोतवाली पहुंचे और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग करते हुए लिखित शिकायत दर्ज कराई।
परिजनों ने बताया कि पिछले दो वर्षों से बालिका मानसिक तनाव में है। इसी दौरान उसने आत्महत्या का प्रयास भी किया था। आरोप है कि एक युवक ने भावनात्मक संबंध बनाकर उसे प्रभावित किया और आत्मघाती कदम उठाने व घर से भागने के लिए उकसाया। परिवार का कहना है कि आरोपी ने बालिका को मानसिक रूप से बरगलाकर धर्म परिवर्तन के लिए भी दबाव बनाया।
राष्ट्रीय बजरंग दल जिलाध्यक्ष ने इस घटना की कड़ी निंदा की और कहा कि यह केवल एक परिवार का नहीं, बल्कि पूरे समाज की सुरक्षा और संस्कृति से जुड़ा गंभीर विषय है। उन्होंने प्रशासन से आरोपी पर कड़ी कार्रवाई की मांग की। वहीं सामाजिक संगठनों ने भी कहा कि पुलिस को इस तरह की घटनाओं को गंभीरता से लेकर कठोर कदम उठाने चाहिए।
कोतवाली प्रभारी ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच प्रारंभ कर दी गई है। पीड़िता और परिजनों के बयान लिए जा रहे हैं और जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस ने जांच का आश्वासन दिया है, साथ ही बच्ची की सुरक्षा और मानसिक स्थिति को ध्यान में रखते हुए संवेदनशीलता से कार्यवाही करने की बात कही है।
घटना के बाद जिले में व्यापक आक्रोश व्याप्त है। संगठनों का आरोप है कि योजनाबद्ध तरीके से नाबालिग और युवतियों को प्रेमजाल में फंसाकर, डरा-धमकाकर और लालच देकर धर्म परिवर्तन कराने की कोशिश की जा रही है। इसी कारण हिंदू संगठनों और सामाजिक संगठनों ने मांग की है कि ऐसे मामलों में कठोर कार्रवाई की जाए, ताकि समाज में इस तरह की साजिशों पर रोक लग सके।




