मध्यप्रदेश के मंडला जिले में कन्या शिक्षा परिसर चटुआमार, विकासखंड मंडला में पदस्थ दो माध्यमिक शिक्षिकाओं को पदीय दायित्वों के निर्वहन में गंभीर लापरवाही एवं अनुशासनहीनता के आरोपों में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई छात्राओं की शिकायत, संस्थागत प्रतिवेदन तथा जांच प्रतिवेदन के आधार पर की गई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार माध्यमिक शिक्षक (पीटीआई) सुश्री मिनी सिंह ठाकुर पर संस्था में अध्ययनरत एक छात्रा के साथ मारपीट करने, अभद्र शब्दों का प्रयोग करने, बाथरूम में बंद करने और घटना की जानकारी किसी को न देने की धमकी देने जैसे गंभीर आरोप लगे थे। इस संबंध में कन्या शिक्षा परिसर चटुआमार के प्राचार्य द्वारा छात्राओं के हस्ताक्षरित आवेदन संलग्न करते हुए प्रतिवेदन प्रस्तुत किया गया था। प्राचार्य द्वारा जारी किए गए नोटिस का जवाब असंतोषजनक पाए जाने पर संबंधित के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई प्रस्तावित की गई, जिसके बाद उन्हें निलंबित कर दिया गया।
वहीं दूसरी ओर कन्या शिक्षा परिसर चटुआमार में पदस्थ माध्यमिक शिक्षिका श्रीमती सिंधिया चौकसे को नियमित रूप से निर्धारित कालखंडों में अध्यापन कार्य नहीं करने, विलंब से विद्यालय में उपस्थित होने और सहकर्मियों के साथ अपमानजनक व्यवहार करने सहित अन्य पदीय दायित्वों में लापरवाही बरतने के कारण निलंबित किया गया है। शिकायत के आधार पर गठित संयुक्त जांच दल द्वारा प्रस्तुत प्रतिवेदन में आरोपों की पुष्टि होने पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की अनुशंसा की गई थी।
सहायक आयुक्त, जनजातीय कार्य विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार दोनों शिक्षिकाओं के विरुद्ध म.प्र. सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम 1966 के नियम 9(1) के अंतर्गत कार्रवाई की गई है। निलंबन अवधि में दोनों का मुख्यालय कार्यालय विकासखंड शिक्षा अधिकारी, मोहगांव निर्धारित किया गया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि शिक्षा परिसरों में अनुशासन, छात्राओं की सुरक्षा और शैक्षणिक व्यवस्था से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा तथा भविष्य में भी शिकायतों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
