— जिला स्तरीय समिति ने लंबित प्रकरणों का किया निराकरण, शिक्षकों सहित चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को मिली बड़ी राहत
डिंडौरी। जनजातीय कार्य विभाग के कर्मचारियों की वर्षों से लंबित क्रमोन्नति एवं समयमान वेतनमान संबंधी मांग पर आखिरकार सकारात्मक निर्णय लिया गया है। कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया के निर्देशन में गठित जिला स्तरीय परामर्शदात्री समिति की पहल से जिले के 443 कर्मचारियों, शिक्षकों एवं चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को क्रमोन्नति एवं समयमान वेतनमान योजना का लाभ स्वीकृत किया गया है। इससे पात्र कर्मचारियों को प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय उच्चतर वेतनमान का लाभ मिलेगा, जिससे उनके वेतन एवं सेवा संबंधी लाभों में वृद्धि होगी।
जानकारी के अनुसार जिला स्तरीय परामर्शदात्री समिति की बैठक में कर्मचारी संगठनों ने वर्षों से लंबित प्रकरणों का मुद्दा प्रमुखता से उठाया था। कर्मचारियों की मांग को गंभीरता से लेते हुए शासन के निर्देशानुसार अपर कलेक्टर की अध्यक्षता में समिति का गठन किया गया। समिति में सहायक आयुक्त जनजातीय कार्य, क्षेत्र संयोजक, सहायक संचालक और सीएम राइज विद्यालय नरिया के प्राचार्य को सदस्य बनाया गया।
समिति की बैठक 3 अगस्त 2026 को आयोजित की गई, जिसमें जनजातीय कार्य विभाग के पात्र कर्मचारियों के लंबित प्रकरणों की विस्तृत समीक्षा कर समयबद्ध स्वीकृति प्रदान की गई। स्वीकृत प्रकरणों में जिले के विभिन्न विकासखंडों में पदस्थ 279 प्राथमिक शिक्षक, 7 सहायक शिक्षक, 2 उच्च श्रेणी शिक्षक, 2 लेखापाल, 6 सहायक ग्रेड-3 तथा 147 चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों सहित कुल 443 कर्मचारियों को क्रमोन्नति एवं समयमान वेतनमान का लाभ दिया गया।
इस निर्णय के बाद विभागीय कर्मचारियों और कर्मचारी संगठनों में खुशी का माहौल है। कर्मचारी संगठनों ने वर्षों से लंबित मांग का समाधान होने पर कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया तथा जिला स्तरीय परामर्शदात्री समिति के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह निर्णय कर्मचारियों के हितों की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। कर्मचारियों ने उम्मीद जताई कि भविष्य में भी सेवा संबंधी लंबित प्रकरणों का इसी तरह समयबद्ध निराकरण किया जाएगा।
