— डिंडौरी में ‘हाथियों का साया’, 8 गांवों में दहशत — प्रशासन अलर्ट,लोगों से सावधानी की अपील
मध्यप्रदेश के डिंडौरी जिले में सामान्य वनमंडल डिंडौरी अंतर्गत इन दिनों तीन हाथियों का मूवमेंट देखा जा रहा है। ये हाथी कुई, रामगुड़ा, त्यागपुर, सारसताल, गोपालपुर, बांसी देवरी, देवकरा और मिगड़ी के वन क्षेत्रों में लगातार विचरण कर रहे हैं, जिससे आसपास के ग्रामीण इलाकों में सतर्कता बढ़ा दी गई है।
वनमंडलाधिकारी अशोक कुमार सोलंकी एवं उपवनमंडल अधिकारी सुरेन्द्र सिंह जाटव के निर्देशन में हाथियों की निगरानी के लिए विभाग की 6 टीमें लगातार क्षेत्र में सक्रिय हैं। अधिकारी स्वयं मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा ले रहे हैं और ग्रामीणों के साथ बैठक कर आवश्यक दिशा-निर्देश दे रहे हैं।
जनसुरक्षा को ध्यान में रखते हुए वन विभाग ने “हाथी मित्र दल” का गठन किया है, जिसमें स्थानीय ग्रामीणों को शामिल कर हाथियों की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। साथ ही, किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए रैपिड रिस्पॉन्स टीम भी तैनात की गई है।
हाथियों की सुरक्षित आवाजाही के लिए जरूरत पड़ने पर संबंधित क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति अस्थायी रूप से बंद की जा रही है। वहीं, चिकित्सा विभाग को भी अलर्ट पर रखा गया है ताकि किसी भी दुर्घटना की स्थिति में तत्काल सहायता उपलब्ध कराई जा सके। वन विभाग ने स्पष्ट किया है कि यदि हाथियों से फसल, मकान या अन्य संपत्ति को नुकसान होता है, तो राजस्व विभाग के माध्यम से शीघ्र सर्वे कर मुआवजा दिया जाएगा।
आमजन से अपील
वन विभाग ने नागरिकों से हाथियों से कम से कम 250 मीटर दूरी बनाए रखने, उनके पास न जाने और किसी भी प्रकार की जोखिम भरी गतिविधि से बचने की अपील की है। किसी भी आपात स्थिति में तत्काल वन विभाग या स्थानीय प्रशासन को सूचना देने को कहा गया है।





