डिंडौरी। जिले के जवाहरलाल नेहरू कृषि विज्ञान केंद्र, डिंडौरी में कृषि विस्तार वैज्ञानिक पद पर पदस्थ डॉ. गीता सिंह को राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी उपलब्धि हासिल हुई है। मिली जानकारी के मुताबिक उन्हें इंडियन सोसाइटी ऑफ एक्सटेंशन एजुकेशन, नई दिल्ली द्वारा आयोजित राष्ट्रीय सेमिनार 2026 में “बेस्ट केवीके साइंटिस्ट अवॉर्ड” से सम्मानित किया गया।
बता दें कि यह तीन दिवसीय राष्ट्रीय सेमिनार मीरामार, गोवा में 29 से 31 जनवरी 2026 तक आयोजित हुआ, जिसका विषय था “डिजिटल टेक्नोलॉजिस फॉर सस्टेनेबल फूड सिस्टम एंड आत्मनिर्भर भारत” सेमिनार में देश के 23 राज्यों से 150 से अधिक कृषि वैज्ञानिक एवं शोधार्थी शामिल हुए और कृषि क्षेत्र में किए गए उल्लेखनीय कार्यों व शोध प्रस्तुत किए गए।
दरअसल सेमिनार के दौरान विभिन्न राज्यों के उत्कृष्ट कार्य करने वाले वैज्ञानिकों को सम्मानित किया गया, जिसमें डिंडौरी कृषि विज्ञान केंद्र की वैज्ञानिक डॉ. गीता सिंह को उत्कृष्ट वैज्ञानिक पुरस्कार प्रदान किया गया। यह पुरस्कार उन्हें गहन मूल्यांकन एवं स्कोरिंग प्रक्रिया के बाद सोसाइटी की पुरस्कार समिति द्वारा चयनित किए जाने पर मिला। डॉ. गीता सिंह द्वारा कृषकों के बीच मजबूत सूचना तंत्र विकसित करने, उन्नत कृषि तकनीकों के प्रसार, प्राकृतिक खेती के विस्तार तथा कृषक हितैषी योजनाओं के प्रति जागरूकता गतिविधियों के सफल संचालन में महत्वपूर्ण योगदान दिया गया है।
उनके शोध कार्यों की बात करें तो अब तक नास रेटेड रिसर्च जर्नल में 11, राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय जर्नल में 18 शोध पत्र प्रकाशित हो चुके हैं। इसके अतिरिक्त 45 शोध सारांश, 300 से अधिक कृषि आलेख, 12 तकनीकी बुलेटिन, 10 प्रशिक्षण बुकलेट, 2 कृषि पुस्तकें और 8 बुक चैप्टर भी प्रकाशित किए जा चुके हैं।
डिंडौरी से प्रकाशित त्रैमासिक कृषि पत्रिका के सफलतम 18 वर्षों में 74 अंकों के प्रकाशन को भी उनकी बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। साथ ही उन्होंने विभिन्न मंचों पर 200 से अधिक व्याख्यान, आकाशवाणी एवं दूरदर्शन पर कई वार्ताएं भी दी हैं। यह सम्मान उन्हें भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद, नई दिल्ली के वरिष्ठ जनों एवं सोसाइटी अध्यक्ष डॉ. यू.एस. गौतम के कर कमलों द्वारा प्रदान किया गया। डॉ. गीता सिंह की इस उपलब्धि से जिले सहित पूरे प्रदेश में कृषि विज्ञान केंद्र का गौरव बढ़ा है।



