जनजातीय कार्य विभाग ने जारी की नई सूची, कई जिलों के स्कूलों में बदली जिम्मेदारी; आगामी आदेश तक प्रभावी रहेगी पदस्थापना
भोपाल। मध्यप्रदेश शासन के जनजातीय कार्य विभाग ने प्रदेश के प्राचार्यों की पदोन्नति के बाद पदस्थापना को लेकर संशोधित आदेश जारी किया है। 23 अक्टूबर 2026 को जारी आदेश में कुल 172 प्राचार्यों के नाम शामिल हैं। विभाग ने 22 अक्टूबर 2026 को जारी अपने पूर्व आदेश को निरस्त करते हुए नई पदस्थापना सूची जारी की है। इसके तहत संबंधित अधिकारियों को उनके नाम के सामने उल्लेखित विद्यालयों और विभागीय कार्यालयों में आगामी आदेश तक पदस्थ किया गया है।
विभागीय आदेश क्रमांक CTD/0764/2026-ED-ESTB-CTD, ई-1483255 के अनुसार, विभाग ने 12 जुलाई 2026 को जारी आदेश के माध्यम से 178 प्राचार्यों को हाईस्कूल प्राचार्य के पद से उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के प्राचार्य पद पर पदोन्नत किया था। अब पदोन्नत प्राचार्यों में से संबंधित अधिकारियों की पदस्थापना के संबंध में संशोधित आदेश जारी किया गया है।
कई जिलों के विद्यालयों में नई पदस्थापना
संशोधित सूची में धार, खंडवा, मंडला, डिंडौरी, सिवनी, बालाघाट, बैतूल, शहडोल, रतलाम, बड़वानी, अनूपपुर, नर्मदापुरम, छिंदवाड़ा, खरगोन, झाबुआ, उमरिया और आलीराजपुर सहित प्रदेश के विभिन्न जिलों के अधिकारियों के नाम शामिल हैं। सूची में कई प्राचार्यों को हाईस्कूल से उच्चतर माध्यमिक विद्यालयों में पदस्थ किया गया है। वहीं कुछ अधिकारियों को कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालयों, उत्कृष्ट विद्यालयों, सांदीपनि विद्यालयों, पीएमश्री विद्यालयों और कन्या शिक्षा परिसरों की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
आदेश में कुछ अधिकारियों की पदस्थापना विभागीय कार्यालयों, जनजातीय अनुसंधान संस्थान तथा परीक्षा पूर्व प्रशिक्षण केंद्रों में भी दर्शाई गई है। वहीं, कुछ अधिकारियों को उनके वर्तमान पदस्थापना स्थल पर ही रखा गया है। इस प्रकार संशोधित सूची में नई पदस्थापनाओं के साथ वर्तमान स्थान पर पदस्थ रहने वाले अधिकारियों का विवरण भी शामिल है।
22 अक्टूबर का आदेश किया निरस्त
जनजातीय कार्य विभाग ने स्पष्ट किया है कि 22 अक्टूबर 2026 को जारी विभागीय समसंख्यक आदेश को निरस्त करते हुए यह संशोधित आदेश जारी किया गया है। आदेश मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से और आदेशानुसार उप सचिव, मध्यप्रदेश शासन की ओर से जारी किया गया है।
आदेश की प्रतिलिपि जनजातीय कार्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों, आयुक्त जनजातीय कार्य, आयुक्त अनुसूचित जाति विकास, संबंधित संचालकों, प्रदेश के सभी जिला कलेक्टरों, संभागीय उपायुक्तों, सहायक आयुक्तों, जिला संयोजकों और जिला कोषालय अधिकारियों को सूचनार्थ एवं पालनार्थ भेजने के निर्देश दिए गए हैं।

