— जल जीवन मिशन के तहत बन रही थी टंकी, करोड़ों की योजना पर सवाल, लापरवाही पर सख्त कार्रवाई
मध्यप्रदेश के मऊगंज जल जीवन मिशन के तहत ग्राम खटखरी, विकासखंड नईगढ़ी में निर्माणाधीन आरसीसी उच्च स्तरीय पानी की टंकी परीक्षण के दौरान अचानक धराशायी हो गई। लगभग 90 प्रतिशत कार्य पूर्ण होने के बाद हुए इस हादसे ने विभागीय कार्यप्रणाली और निर्माण गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
जानकारी के अनुसार, इस एकल ग्राम नलजल योजना की मूल लागत 75.19 लाख रुपये थी, जिसे पुनरीक्षित कर 121.42 लाख रुपये किया गया था। 75 किलोलीटर क्षमता की टंकी का निर्माण कार्य संविदाकार मेसर्स शिवेन्द्र कुमार तिवारी द्वारा अनुबंध क्रमांक 23/21-22 के तहत कराया जा रहा था।
घटना 27 मार्च 2026 को परीक्षण के दौरान हुई, जब पूरी तरह तैयार होने के करीब पहुंच चुकी टंकी अचानक गिर गई। इस हादसे से शासन को भारी वित्तीय नुकसान हुआ है, साथ ही लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग की छवि भी प्रभावित हुई है।
मामले को गंभीरता से लेते हुए प्रमुख अभियंता ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उपयंत्री एवं प्रभारी सहायक यंत्री ए.पी. तिवारी को निलंबित कर दिया है। आदेश में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि शासकीय कार्यों के निष्पादन में घोर लापरवाही, कर्तव्यों के निर्वहन में कमी और उदासीनता के लिए उन्हें पूर्ण रूप से जिम्मेदार माना गया है।
निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय अधीक्षण यंत्री, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग रीवा मंडल निर्धारित किया गया है तथा उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता दिया जाएगा। इस घटना के बाद विभागीय अधिकारियों में हड़कंप मच गया है और निर्माण कार्यों की गुणवत्ता को लेकर व्यापक जांच की संभावना जताई जा रही है। स्थानीय स्तर पर भी लोगों में नाराजगी देखी जा रही है, जिन्होंने योजना के समय पर और सुरक्षित पूरा होने की उम्मीद जताई थी। देखें आदेश…

