— नल-जल योजना के बावजूद गांवों में नहीं पहुंचा पानी, कलेक्टर ने लापरवाह पंचायतों पर FIR दर्ज कराने के दिए निर्देश
डिंडौरी। कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया ने कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित समय-सीमा बैठक में जिले में संचालित विभिन्न शासकीय योजनाओं, विकास कार्यों और जनहित से जुड़े प्रकरणों की विस्तारपूर्वक समीक्षा की। बैठक में सीईओ जिला पंचायत दिव्यांशु चौधरी, अतिरिक्त सीईओ पंकज जैन, एसडीएम बजाग रामबाबू देवांगन, एसडीएम डिंडौरी भारती मेरावी, सहित अन्य अधिकारियों ने भाग लिया।

बैठक के दौरान कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन में लंबित शिकायतों की समीक्षा कर 50 से 100 दिवस से अधिक समय से रुके प्रकरणों का निराकरण दो दिन के भीतर सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिकायतों के निपटान में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जल जीवन मिशन और नल-जल योजना की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने निर्देश दिए कि सभी ग्राम पंचायतों में पेयजल व्यवस्था सुचारू रूप से संचालित हो। योजना के बावजूद जल आपूर्ति न होने पर संबंधित सरपंच और सचिव के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।
जबलपुर-अमरकंटक मार्ग के निर्माण कार्य की समीक्षा में कलेक्टर ने ग्राम पंचायत गाड़ासरई में सड़क के दोनों ओर नाली निर्माण और ग्राम सक्का में पेयजल पाइपलाइन संबंधी समस्याओं का समाधान करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि समय पर कार्य पूर्ण न होने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। धन-धान्य योजना, कृषि, महिला एवं बाल विकास, मत्स्य, सहकारिता, एनआरएलएम एवं पशुपालन विभागों को हितग्राही मूलक योजनाओं की सूची तैयार कर कलेक्टर कार्यालय में प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए।
अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिला अधिकारी और कर्मचारियों को सम्मानित करने के लिए विभागों से नामों की सूची जल्द उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। इसके अतिरिक्त जनगणना, उज्ज्वला गैस कनेक्शन, पीएम किसान कुसुम सौर ऊर्जा योजना, स्वच्छ भारत मिशन, राजस्व प्रकरणों की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने सभी अधिकारियों को कहा कि यदि वे किसी अन्य कार्यक्रम में व्यस्त हों तो अपने स्थान पर अधिकृत अधिकारी को भेजें और अनुपस्थिति की पूर्व सूचना दें। ग्रामीण क्षेत्रों में भूमिपूजन और निर्माण कार्यों को बरसात से पूर्व पूर्ण कराने के भी निर्देश जारी किए गए।
