—High Court आदेश के बाद 01 अप्रैल 2024 से न्यूनतम वेतन लागू, सभी कर्मचारियों को लाभ
इंदौर। श्रमायुक्त कार्यालय, मध्यप्रदेश, इंदौर द्वारा न्यूनतम वेतन अधिनियम 1948 के अंतर्गत 01 अप्रैल 2024 से पुनरीक्षित न्यूनतम वेतन दरों को पुनः प्रभावशील किए जाने के निर्देश जारी किए गए हैं। यह जानकारी श्रम विभाग की अधिसूचना दिनांक 04 मार्च 2024 के संदर्भ में दी गई है।
श्रम विभाग द्वारा जारी अधिसूचना के तहत अधिसूचित नियोजनों में कार्यरत श्रमिकों के लिए न्यूनतम वेतन दरों का पुनरीक्षण किया गया था। हालांकि, मध्यप्रदेश टेक्सटाइल मिल्स एसोसिएशन सहित अन्य याचिकाकर्ताओं द्वारा इस अधिसूचना को उच्च न्यायालय, इंदौर खंडपीठ में चुनौती दी गई थी, जिस पर 08 मई 2024 एवं 21 मई 2024 को पुनरीक्षित वेतन दरों की प्रभावशीलता पर स्थगन आदेश दिया गया था।
इसके बाद माननीय उच्च न्यायालय, इंदौर खंडपीठ द्वारा दिनांक 10 फरवरी 2025 एवं 20 मार्च 2025 को पारित आदेशों के अनुसार 04 मार्च 2024 की अधिसूचना के अंतर्गत पुनरीक्षित न्यूनतम वेतन दरें एवं समय-समय पर देय परिवर्तनीय महंगाई भत्ता पुनः प्रभावशील कर दिया गया है। इस संबंध में श्रम विभाग द्वारा 28 फरवरी 2025 को कार्यालयीन परिपत्र भी जारी किया गया था, जिसमें पुनरीक्षित न्यूनतम वेतन की स्थिति स्पष्ट की गई है। न्यूनतम वेतन दरों की विस्तृत जानकारी श्रम विभाग की आधिकारिक वेबसाइट labour.mponline.gov.in पर भी उपलब्ध है।
श्रमायुक्त कार्यालय ने सभी विभागों, जिला पंचायतों एवं आउटसोर्स एजेंसियों को निर्देश दिए हैं कि 01 अप्रैल 2024 से लागू पुनरीक्षित न्यूनतम वेतन एवं महंगाई भत्ते का भुगतान समस्त श्रमिकों एवं आउटसोर्स कर्मचारियों को सुनिश्चित कराया जाए। साथ ही, यदि इस अवधि का कोई एरियर देय हो, तो उसका भुगतान भी शीघ्र कराया जाए।
देखें आदेश…..


